नई दिल्ली, 2 दिसंबर (आईएएनएस)। बालों का झड़ना आजकल हर किसी की चिंता का विषय बन गया है। ऐसा तनाव, गलत खान-पान, मौसम में बदलाव या सिर की त्वचा के रूखेपन के कारण हो सकता है। आयुर्वेद में इसे मुख्य रूप से वात वृद्धि से जोड़ा गया है।
रात का समय स्कैल्प के लिए सबसे अच्छा माना जाता है क्योंकि इस समय शरीर रिपेयर मोड में होता है और पोषण बालों की जड़ों तक पहुंचता है। इसलिए रात के समय तेल से मालिश करना बालों के लिए बहुत फायदेमंद होता है।
उचित मालिश से बालों का झड़ना कम हो सकता है और बाल मजबूत और चमकदार भी बन सकते हैं।
तेल मालिश से सिर के रोम छिद्र मजबूत होते हैं और रक्त संचार बेहतर होता है। इससे स्कैल्प में नमी और गर्माहट आती है, बालों की जड़ों को पोषण मिलता है और तनाव भी कम होता है।
आयुर्वेद में इसे नियमित दिनचर्या में शामिल करने की सलाह दी जाती है. चरक संहिता में भी कहा गया है कि सिर की नियमित मालिश करने से बाल और दिमाग दोनों स्थिर रहते हैं। रात को मालिश करने से भी गहरी नींद आती है।
नारियल का तेल ठंडी तासीर के लिए अच्छा है, तिल का तेल बालों को झड़ने से रोकता है, आंवला-बृंगराज का तेल बालों के विकास में मदद करता है और नीम या करेले का तेल फंगल संक्रमण में फायदेमंद होता है।
मालिश के लिए तेल को हल्का गर्म करें और उंगलियों के पोरों से धीरे-धीरे गोलाकार गति में मालिश करें। बहुत अधिक बल न लगाएं, 5-10 मिनट का हल्का दबाव और थपथपाना ही काफी है। तेल को पूरे स्कैल्प पर फैलाएं और रात भर के लिए छोड़ दें। अगले दिन हल्के शैम्पू से धो लें।
हफ्ते में 2-3 बार तेल मालिश काफी है, लेकिन अगर बाल बहुत कमजोर हैं या तनाव के कारण झड़ रहे हैं तो आप इसे रोजाना भी कर सकते हैं। तेल में हल्का लहसुन, भृंगराज पाउडर, आंवला या मेथी मिलाकर प्रभाव को और बढ़ाया जा सकता है। इस तरह की नियमित रात्रिकालीन मालिश से मात्र दो सप्ताह में ही फर्क महसूस होने लगता है।
-आईएएनएस
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